Breaking News
Home / देहरादून न्यूज़ / उत्तराखंड गढ़वाल का गांव जहां आजादी के बाद पहली बार पहुंची सड़क, ग्रामीणों ने बांटी मिठाइयां

उत्तराखंड गढ़वाल का गांव जहां आजादी के बाद पहली बार पहुंची सड़क, ग्रामीणों ने बांटी मिठाइयां

उत्तरकाशी के बिगसारी गांव के लोगों के लिए यह सप्ताह बहुत बड़ा है। आजादी के बाद पहली बार गांव पहुंची बस। लोग अपने गांव में बस को देखकर बहुत उत्साहित थे, वे कूद पड़े और खुशी के साथ बस का स्वागत किया। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक के चेहरों पर एक अलग ही चमक दिखाई दे रही थी। अब इन ग्रामीणों को गांव पहुंचने के लिए 6 किलोमीटर पैदल नहीं चलना पड़ेगा| जरूरत पड़ने पर वह बस सेवा के जरिए एक जगह से दूसरी जगह जा सकेंगे।

इस सड़क का निर्माण PMGSY द्वारा किया गया था। फरवरी 2022 में सड़क बनकर तैयार हो गई। शनिवार को बस का ट्रायल किया गया, जिसे ग्रामीणों ने बिगसारी गांव तक देखा। यात्रियों से भरी बस जब गांव पहुंची तो बस को देखकर गांव के बच्चों, महिलाओं व बुजुर्गों के चेहरे खिल उठे| पीएमजीएसवाई अधिकारियों ने बताया कि बस का ट्रायल सफल रहा है। सड़क निर्माण के दूसरे चरण में सड़क पर डामरीकरण का काम किया जाएगा|

आपको बता दें कि मोरी तहसील के आधा दर्जन गांवों को सड़क संपर्क देने के लिए सरकार ने वर्ष 2011 में प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत दर्जनों सड़कों को मंजूरी दी थी| जिसमें खरसारी-कलसी-बिगसारी रोड भी था। साल 2020 में कलासी के आगे सड़क निर्माण का काम शुरू हुआ जो पूरा हो चुका है| शनिवार को ट्रायल के तहत एक बस को कलसी से बिगसारी ले जाया गया।

अब तक बिगसारी के ग्रामीणों को खरसाड़ी, कलसी से केदारगंगा पार कर गांव तक पहुंचने के लिए छह किलोमीटर पैदल चलना पड़ता है। क्योंकि बिगसारी से कलसी के बीच सड़क नहीं थी। मोटर मार्ग 2016 में खरसारी से 3 किमी आगे कलसी टोक तक बनाया गया था। जबकि 375 परिवारों के ग्राम बिगसारी के लिए कलासी से आगे 6 किमी सड़क निर्माण का कार्य 2019-20 में शुरू हुआ था|

About Vaibhav Patwal

Haldwani news