Breaking News
Home / अजब गज़ब / साल के दूसरे महीने में जियो ने को बड़ा नुक्सान, बीएसएनएल ने मारी बाजी

साल के दूसरे महीने में जियो ने को बड़ा नुक्सान, बीएसएनएल ने मारी बाजी

इस साल कम कनेक्टिविटी के कारण वोडाफोन आइडिया जैसी दूरसंचार कंपनियों ने दिसंबर 2021 में अपने 16.14 लाख मोबाइल ग्राहकों को खो दिया और अब इसके 26.55 करोड़ ग्राहक बचे हैं। इसके विपरीत, एयरटेल के पास 4.75 लाख ग्राहकों की वृद्धि हुई, जिससे उसके वायरलेस उपयोगकर्ता 35.57 मिलियन हो गए। इसके अलावा नवंबर 2021 में एयरटेल के ग्राहकों की संख्या नवंबर में बढ़कर 1191 मिलियन हो गई है। नवंबर महीने में रिलायंस जियो और भारती एयरटेल के कनेक्शन की संख्या में इजाफा हुआ है।

आपको बता दें कि अब भारत सबसे बड़ा टेलीकॉम ऑपरेटर है, फिर रिलायंस, इसके जियो ने अपने ग्राहक आधार में 17.6 लाख नए ग्राहक जोड़े हैं। कंपनी ने इन ग्राहकों को अक्टूबर महीने में जोड़ा है। ट्राई ने कहा कि ग्राहकों की संख्या में 17.6 लाख का इजाफा हुआ है। वहीं, भारती एयरटेल और वोडाफोन आइडिया दोनों ने मिलकर 14.5 लाख सब्सक्राइबर कम किए हैं।

इस बीच मोबाइल यूजर्स के मामले में भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) के लिए दिसंबर का महीना काफी अच्छा रहा। बीएसएनएल ने दिसंबर में 11 लाख नए यूजर्स जोड़े। टेलीकॉम जानकारों का कहना है कि निजी कंपनियों की वजह से पिछले दिनों अपने मोबाइल के टैरिफ बढ़ाए गए थे. इसके चलते कम टैरिफ इस्तेमाल करने वाले यूजर्स ने बीएसएनएल की सर्विस लेने का फैसला किया। वहीं मार्केट शेयर की बात करें तो फिलहाल कुल मोबाइल यूजर्स में जियो की हिस्सेदारी 36 फीसदी, भारती एयरटेल की 30.81 फीसदी, वोडाफोन आइडिया की 23 फीसदी, बीएसएनएल के पास 9.90 फीसदी और एमटीएनएल के पास 0.28 फीसदी है।

टेलीकॉम जानकारों का कहना है कि जियो ने अब निष्क्रिय ग्राहकों को काफी हद तक हटा दिया है। इससे भी उनके मोबाइल यूजर्स की संख्या में कमी आई है। हालांकि इससे जियो के वीएलआर रेशियो में सुधार होगा। यह सक्रिय उपयोगकर्ताओं का अनुपात है, जिसके कारण राजस्व की गणना बेहतर तरीके से की जाती है। वीएलआर रेशियो के मामले में एयरटेल टॉप पर है। एयरटेल का यह अनुपात 98.01 प्रतिशत है। जियो के पास 87.64 फीसदी, वोडाफोन आइडिया के पास 86.42 फीसदी और बीएसएनएल के पास 50.32 फीसदी है।

आपको बता दें कि नवंबर 2021 में एयरटेल, जियो और वोडाफोन आइडिया ने मोबाइल टैरिफ में बढ़ोतरी की थी। व्यक्तिगत रिचार्ज की कीमत में 25-40 फीसदी की बढ़ोतरी की गई। टेलीकॉम ऑपरेटर ने यह फैसला यूजर या ARPU को अपने औसत रेवेन्यू पर बढ़ाने के लिए लिया है। माना जा रहा है कि इस साल भी मोबाइल टैरिफ में 20-25 फीसदी की बढ़ोतरी होगी। वर्तमान में भारतीय दूरसंचार क्षेत्र का औसत ARPU $2 है, जिसे बढ़ाकर $4 प्रति उपयोगकर्ता करना है। जैसा कि हम जानते हैं कि टेलीकॉम सेक्टर 2जी से 4जी की तरफ शिफ्ट हो रहा है।

About Vaibhav Patwal

Haldwani news